ENGLAND VS WEST INDIES : इंग्लैंड के ऑफ स्पिनर डोम बेस ने खुद को किया खतरनाक घोषित

DOM BESS CLAIMS HIMSELF DANGEROUS TO PLAY
इंग्लैंड के ऑफ स्पिनर डोम बेस ने खुद को किया खतरनाक घोषित – फोटो @skysports

16 जुलाई 2020, इंग्लैंड के ऑफ स्पिनर डोम बेस जिन्होंने वेस्ट इंडीज के खिलाफ पहले टेस्ट मैच की पहली पारी में दो विकेट चटकाए थे, और जिन्होंने अभी मात्र पांच टेस्ट खेले है ने एक बड़ा बयान देते हुए कहा है क़ि उनकी गेंदबाजी में ‘निरंतरता और सटीकता’ फिलहाल खतरनाक है। जिसकी वजह से उन्हें राष्ट्रीय टेस्ट टीम में लगातार खेलने का मौका मिल सकता है।
बेस ने एक वीडियो कांफ्रेंस के दौरान कहा, ”मुझे लगता है कि मैं बल्ले के दोनों किनारों को निशाना बना रहा हूं। गेंद की लाइन और लेंथ को लेकर मेरी निरंतरता और स्टीकता खतरनाक है। उन्होंने कहा, ”यह ट्रेनिंग के जरिए हासिल होता है, वह अहसास, वह लय… मुझे लगता है कि मेरे पास समय निश्चित तौर पर है।”
22 साल के बेस ने बताया कि ”इंग्लैंड में रहते हुए मै (ग्रीम स्वान) को खेलते हुए देखकर बड़ा हुआ हू। साथ ही काउंटी क्रिकेट में जीतन पटेल को देखा है। मैं साइमन हार्मर जो एक स्तरीय आफ स्पिनर को भी करीब से देखा है और मैंने (रंगना हेराथ) के साथ भी कुछ समय काम किया है।इन खिलाड़ियों में काफी समानताएं हैं और यही कारण है कि वे दुनिया में सर्वश्रेष्ठ बने। सबसे अहम पहलु निरंतरता है, वे गेंद को किसी लाइन और लेंथ पर कर रहे हैं, गेंद हवा में कितनी घूम रही है, ये बहुत मायने रखा है ।

बेस सिस्ममाउथ, डेवोन से एक ऑल-राउंडर हैं। जब वह 16 साल के थे, उन्होंने समरसेट के साथ एक छात्रवृत्ति अनुबंध करार किया, जिस से वह क्लब की अकादमी में शामिल हुए और इंग्लैंड अंडर -19 का प्रतिनिधित्व किया। सैकेंड इलेवन में सैकड़ा जड़ उन्होंने दिखा दिया की वो बल्ले से भी नादान नहीं हैं। उन्होंने 2015-16 की सर्दी डैरेन लेहमन की एडिलेड अकादमी में बितायी । उन्होंने कहा कि वह किस तरह से ऑफस्पिन गेंदबाजी करने आए थे, यह एक विचलन था। “मैं हमेशा से ही छोटा था इसलिए मैंने लम्बी दुरी तक का रन-अप नहीं लिया। मैंने हमेशा पाँच या छः कदम उठाए और बस करने लगा।”

बेस ने कहा, ”स्पिनर के रूप में किसी दिन आपके लिए कुछ चीजें आपके पक्ष में जा सकती हैं और कुछ नहीं, यही क्रिकेट है। मैं इसे ज्यादा तवज्जो नहीं देता। मैं हर तरीके से त्यार रहता हू बल्ले, गेंद से और क्षेत्ररक्षण से भी योगदान देने के लिए तत्पर हू । मैं सुनिश्चित करना चाहता हूं कि जब भी मुझे मौका मिले तो मैं इसका फायदा उठाऊं और टीम कि जीत में भागिदार बनू ।”
बेस को पहले टेस्ट मैच कि वेस्ट इंडीज कि दूसरी पारी में कोई भी विकेट नहीं मिला जिसपर उन्होंने कहा, ”मुझे पता है कि मुझे विकेट नहीं मिले, लेकिन स्थिति कभी भी बदल सकती थी। मैं इस समय बस एक चीज पर ध्यान दे रहा हूं कि गेंद हाथ से कितनी अच्छी तरह छूट रही है। मैं खुद में खतरनाक महसूस कर रहा हूं और यह मेरे लिए काफी अच्छा है।”

बेस को पता है कि टीम में अपनी जगह बरकरार रखने के लिए उन्हें साथी स्पिनरों मोईन अली और जैक लीच से आगे रहकर अच्छा प्रदर्शन करना होगा और वह अपने कौशल में सुधार के लिए खेल के सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजों से सीख रहे हैं।

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